मंदिर (English: Mandir, Gujarati: મંદિર, Bengali: মন্দির, Telugu: మందిరం, Malayalam: ക്ഷേത്രം, Kannada: ದೇವಸ್ಥಾನ) and gurudwara is the Hindu, Buddhist and Jain name for a place of worship or prayer. A space and structure designed to bring human beings and Gods together, infused with symbolism to express the ideas and beliefs. Bhakti Bharat Celebrating 301+ Temples.
माँ शारदा मंदिर @Sahilara Madhya Pradesh
माँ शारदा मंदिर, मध्य प्रदेश के सतना जिले के ग्राम मैहर में स्थित है। ऐसा माना जाता है कि देवी शारदा देवी सरस्वती का अवतार हैं। यह मंदिर देवी भवानी के शक्तिपीठों में से एक है।
कंदरिया महादेव मंदिर @Khajuraho Sevagram, Khajuraho, Madhya Pradesh
कंदरिया महादेव मंदिर भारत के मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के खजुराहो में स्थित है। इसे भारत में मध्यकाल से संरक्षित मंदिरों के सर्वोत्तम उदाहरणों में से एक माना जाता है। यह मंदिर भगवान शिव को समर्पित है।
चिंतामन गणेश मंदिर @ Ujjain Madhya Pradesh
चिंतामन गणेश मंदिर, मध्य प्रदेश के धार्मिक शहर उज्जैन में है। भगवान गणेश का यह सबसे प्राचीन मंदिर उज्जैन के महाकालेश्वर मंदिर से लगभग 6 किलोमीटर की दूरी पर जवास्या गांव में बना है।
जगदम्बी मंदिर खजुराहो @ Madhya Pradesh
देवी जगतम्बिका मंदिर भारत के मध्य प्रदेश के खजुराहो में लगभग 25 मंदिरों के समूह में से एक है। देवी जगदम्बी मंदिर को जगदम्बिका मंदिर के नाम से भी जाना जाता है।
कालभैरव मंदिर उज्जैन @Ujjain Madhya Pradesh
काल भैरव मंदिर भारत के मध्य प्रदेश के उज्जैन शहर में स्थित है। यह मंदिर शहर के संरक्षक देवता काल भैरव को समर्पित है।
कंकाली देवी मंदिर @ Madhya Pradesh
कंकाली देवी मंदिर तिगावा गांव जो मध्य प्रदेश के भोपाल से लगभग 20 किमी दुरी पर स्थित है। इस मंदिर को तिगावा मंदिर के नाम से भी जाना जाता है।
भारद्वाज आश्रम @ Uttar Pradesh
उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में स्थित भारद्वाज आश्रम, महाकाव्य रामायण से जुड़ा एक महत्वपूर्ण आध्यात्मिक और ऐतिहासिक स्थल है।
वेणी माधव मंदिर @Prayagraj Uttar Pradesh
प्रयाग में पवित्र त्रिवेणी संगम के पास दरनगंज में स्थित वेणी माधव मंदिर, भगवान विष्णु को समर्पित एक प्रमुख और प्राचीन मंदिर है।
बैजू मंदिर, देवघर @Deoghar Jharkhand
एक मान्यता यह भी है कि बैजू नामक एक चरवाहे ने इस ज्योतिर्लिंग की खोज की थी और उसी के नाम पर इस जगह का नाम बैद्यनाथ धाम पड़ा।
तेली का मंदिर @Gwalior Madhya Pradesh
मंदिर का निर्माण प्रतिहार राजा मिहिर भोज के शासनकाल में, तेल के व्यापारियों द्वारा दिए गए धन से हुआ था, इसलिए इस मंदिर को तेली का मंदिर कहते हैं।
तारकनाथ मंदिर @Tarakeswar West Bengal
बाबा तारक नाथ और तारकेश्वर मंदिर, भारत के बंगाल राज्य की राजधानी कोलकाता से 85 किलोमीटर की दूरी पर हुुगली जिले में तारकेश्वर नामक एक प्रमुख शहर में स्थित है। तारकेश्वर मंदिर भगवान तारकनाथ को समर्पित है, जो भगवान शिव के ही एक रूप है।