ओंकार स्वरूपा सदगुरु समर्था (Omkar Swarupa Sadguru Samartha)


ओंकार स्वरूपा सदगुरु समर्था
अनाथाच्या नाथा तुज नमो॥ धृ ॥
नमो मायबापा गुरु कृपाघना
तोडी या बंधना मायामोहा
मोहोजाल माझे कोण निरशील
तुजविण दयाला सदगुरुराया॥ 1 ॥

सदगुरु राया माझा आनंदसागर
त्रैलोक्या आधार गुरुराव
गुरुराव स्वामी असे स्वयंप्रकाश
ज्यापुढे उदास चंद्र, रवी
रवी, शशी, अग्नी नेणती ज्या रुपा
स्वप्रकाश रुपा नेणे वेद ॥ 2 ॥

एका जनार्दनी गुरु परब्रम्ह
तयाचे पै नाम सदा मुखी ॥ 3 ॥
Omkar Swarupa Sadguru Samartha - Read in English
Omkar Swarupa Sadguru Samartha, Anathachya Natha Tuj Namo
Bhajan Vighneswaray BhajanShri Ganesh BhajanSuresh Wadkar BhajanShri Vinayak BhajanGanpati BhajanGanpati Bappa BhajanGaneshotsav BhajanGajanan BhajanGanesh Chaturthi BhajanChaturthi Bhajan
अगर आपको यह भजन पसंद है, तो कृपया शेयर, लाइक या कॉमेंट जरूर करें!


* कृपया अपने किसी भी तरह के सुझावों अथवा विचारों को हमारे साथ अवश्य शेयर करें।** आप अपना हर तरह का फीडबैक हमें जरूर साझा करें, तब चाहे वह सकारात्मक हो या नकारात्मक: यहाँ साझा करें

राम की धुन में हो के मगन रोज करता रहूं मैं - भजन

राम की धुन में, हो के मगन, रोज करता रहूं, मैं भजन

माता दियाँ बोलियां - भजन

फीता फीता फीता,,, जय हो! ओ ही लोग तर जाते,,, जय हो! जिन्होंने, माता का दर्शन किया।

जय श्री वल्लभ, जय श्री विट्ठल, जय यमुना श्रीनाथ जी - भजन

जय श्री वल्लभ, जय श्री विट्ठल, जय यमुना श्रीनाथ जी । कलियुग का तो जीव उद्धार्या, मस्तक धरिया हाथ जी..

चलो मन गंगा जमुना तीर - भजन

चलो मन गंगा जमुना तीर, गंगा जमुना निर्मल पानी, शीतल होत शरीर...

दुलरवा लईका जस गीत: भजन

महू ल तो थोकिन तै दुलार वो.. दाई, महू तोर दुलरवा लईका ताव ll भकती भजन ल तोर गाव वो हो.... दाई ll